गृहकार्य की विशेषताएं

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गृहकार्य वह साधन है जो छात्रों को स्वयं अभ्यास करके सीखने के लिए अवसर प्रदान करता है। इसके द्वारा छात्रों को कक्षा से बाहर सीखने के अनुभव प्राप्त होते हैं जो शिक्षण के उद्देश्यों की प्राप्ति में सहायक होते हैं। इस प्रकार गृहकार्य प्रभावशाली शिक्षण का एक महत्वपूर्ण भाग है। गृहकार्य को निम्न ढंग से परिभाषित किया जा सकता है-

गृहकार्य

गृहकार्य

गृहकार्य शिक्षक द्वारा उत्पन्न सुनियोजित अधिगम परिस्थिति है। प्रत्येक ग्रह कार्य का मूल उद्देश्य छात्र को विशुद्ध, प्रत्यक्ष एवं प्रेरणात्मक अधिगम अनुभव प्रदान करना होता है। यह अग्रगामी अधिगम प्रक्रिया का एक अंग होता है।

इस प्रकार गृहकार्य का प्रयोग अधिगम को प्रभावशाली एवं दृढ़ बनाने अर्थात शिक्षण के उद्देश्यों की अधिगम प्राप्ति के लिए किया जाता है। अतः यह उद्देश्य केंद्रित होता है। गृहकार्य हेतु विषय सामग्री का चयन एवं निर्माण कुछ सिद्धांतों के आधार पर किया जाना चाहिए। इनके निर्माण के प्रमुख सिद्धांत इस प्रकार हैं-

  1. उपयुक्तता का सिद्धांत
  2. अभिरुचि का सिद्धांत
  3. स्पष्टता का सिद्धांत
  4. यथार्थता का सिद्धांत
  5. क्रमबद्धता एवं स्तरीकरण का सिद्धांत
  6. उद्देश्य का सिद्धांत
  7. मितव्ययिता का सिद्धांत
गृहकार्य

गृहकार्य की विशेषताएं

एक अच्छे गृहकार्य की प्रमुख विशेषताएं निम्न है-

  1. गृहकार्य छात्रों में आत्मविश्वास विकसित करने में सहायक होता है।
  2. गृहकार्य अधिगम अनुभवों का प्रमुख अंग होता है तथा शिक्षण‌ अधिगम उद्देश्यों को प्राप्त करने में सहायक होता है।
  3. गृहकार्य से छात्रों में स्वाध्याय की प्रवृत्ति विकसित होती है तथा यह पाठ्य पुस्तकों तथा अन्य शैक्षिक सामग्री के समुचित प्रयोग के लिए छात्रों को प्रोत्साहित करते हैं।
  4. गृहकार्य से छात्रों की आवश्यकता की पूर्ति होती है तथा उनमें धनात्मक अभिवृत्तियों अभिरुचियों एवं अच्छी आदतों का विकास होता है।
  5. गृह कार्य के मूल्यांकन से छात्रों को पुनर्बलन मिलता है जिससे उन्हें परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने में सहायता मिलती है।
  6. इनके मूल्यांकन से शिक्षक को छात्रों की व्यक्तिगत कठिनाइयों का पता चलता है जिससे उन्हें व्यक्तिगत निर्देशन से दूर करने का प्रयास किया जा सकता है।
  7. गृहकार्य शिक्षक एवं छात्र में निकट संपर्क स्थापित करने में सहायक होते हैं।
  8. गृहकार्य को पूर्ण करने के लिए छात्रों में पुस्तकों को पढ़ने तथा पुस्तकालय का प्रयोग करने की आदत विकसित होती है। इस प्रकार छात्र को अपने ढंग से सीखने का अवसर प्राप्त होता है।
  9. अच्छे गृहकार्य के निर्माण में व्यक्तिगत भिन्नता का भी ध्यान रखा जाता है। प्रतिभाशाली छात्रों को कठिन तथा औसत छात्रों को सरल गृह कार्य दिए जाते हैं।
  10. गृहकार्य ऐसे साधन होते हैं जिनके शिक्षण एवं प्रशिक्षण की क्रियाएं एक साथ संपादित होती हैं।
  11. गृहकार्य छात्र को कक्षा शिक्षण द्वारा सीखे हुए ज्ञान को व्यवस्थित एवं संगठित करने में सहायक होता है।
  12. इसके द्वारा छात्रों के व्यवहार में हुए परिवर्तनों की पुष्टि होती है।
  13. ग्रहकार्यों से छात्रों को सीखने के नए अनुभव प्राप्त होते हैं तथा अधिगम सुदृढ़ होता है।
  14. गृहकार्यों से शिक्षकों को छात्रों की कमजोरियों का निदान करने में सहायता मिलती है।
  15. कक्षा शिक्षण की कमियों को गृहकार्य द्वारा पूरा किया जा सकता है तथा इस प्रकार छात्रों को सीखने के समान अवसर प्राप्त होते हैं।
पाठ्यक्रम अर्थ परिभाषा आवश्यकता महत्वपाठ्यक्रम का क्षेत्र
पाठ्यक्रम का आधारपाठ्यक्रम के लाभ
पाठ्य सहगामी क्रियाएंशैक्षिक उद्देश्य स्रोत आवश्यकता
मूल्यांकन की विशेषताएंपाठ्यक्रम के उद्देश्य
प्रभावशाली शिक्षणअच्छे शिक्षण की विशेषताएं

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