10th Math Unsolved Question

कक्षा 10 की गणित में 4 अंक के प्रश्न किसी भी अध्याय से पूछे जा सकते हैं। कक्षा 10 के गणित के पेपर में कुल 8 प्रश्न चार नंबर के हल करने होते हैं, जो कि 70 नंबर के पेपर में 32 अंक के होते हैं। एक सामान्य विद्यार्थी 8 में से 6 प्रश्नों को हल कर लेता है। यहां इस आर्टिकल में 10th Math के 6 तथा 4 Mark के Question अनसोल्ड पेपर से लिए गए है। जिनका video solution भी दिया जा रहा है। 10th Math Unsolved Question परीक्षा के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण है। UP Board 10th Math Question कक्षा दसवीं में उत्तर प्रदेश board द्वारा जो मैथ का पेपर बनाया जाता है, उसमें कुल 4 प्रकार के …

10th Math Unsolved Question Read More »

10th Math 4 Mark Question

पाठ योजना

पाठ योजना का तात्पर्य किसी पाठ को विशिष्ट उद्देश्य एवं अपेक्षित व्यवहारी परिवर्तनों की प्राप्ति के संदर्भ में आकर्षक ढंग से नियोजित करने से है। यह कक्षा शिक्षण की पूर्व क्रियात्मक अवस्था कहलाती है। दैनिक पाठ योजना प्रभावी शिक्षण उपकरण के रूप में प्रयोग की जाती है। शिक्षण प्रक्रिया के दौरान पाठ योजना छात्रों की अपेक्षा अध्यापक के कार्यों पर अधिक बल देती है। संपूर्ण पाठ योजना में अध्यापक ही केंद्र बिंदु के रूप में कार्य करता है। पाठ योजना एक ब्लूप्रिंट नहीं है। यह मात्र अध्यापक को निर्देश देने, शिक्षण संबंधी विभिन्न क्रियाओं में तारतम्य स्थापित कराने, महत्वपूर्ण शिक्षण बिंदुओं का ज्ञान कराने, प्रभावी शिक्षण विधि के चुनाव कराने आदि के सहायतार्थ साधन मात्र है। पाठ योजना वस्तुतः पाठ …

पाठ योजना Read More »

मौखिक गणित का अभ्यास कराते समय किन किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

गणित का अभ्यास कराते समय निम्नलिखित बातों को ध्यान में रखना चाहिए- मौखिक गणित के प्रश्नों में केवल छोटी-छोटी संख्याओं का ही प्रयोग करना चाहिए। प्रश्न प्रश्न छोटे छोटे होने चाहिए जिससे छात्रों ने सरलता से समझ सके। मौखिक प्रश्नों में जटिल घटनाओं को कराने का प्रयास नहीं करना चाहिए। मौखिक प्रश्न छात्रों की योग्यता अनुसार पूछे जाने चाहिए। मौखिक गणित में अधिक बल अभ्यास तथा गणना पर दिया जाना चाहिए। मौखिक प्रश्नों के द्वारा चिंतन तथा तर्क को प्रोत्साहन मिलेगा। मौखिक गणित के द्वारा छात्रों में गणितीय सिद्धांतों के बारे में स्पष्ट ता प्राप्त हो और उनको रखने की आदत ना पड़े यह ध्यान रखना चाहिए। गणित की पुस्तकों में मौखिक प्रश्नों को भी दिया जाना चाहिए। मौखिक प्रश्न …

मौखिक गणित का अभ्यास कराते समय किन किन बातों का ध्यान रखना चाहिए? Read More »

गणित में पाठ्यपुस्तक का महत्व

पाठ्य पुस्तक का उपयोग करने में विशेष सावधानी आवश्यक है। गणित में पाठ्य पुस्तक का महत्व विशेष ही है। पाठ्य पुस्तक का प्रयोग इस प्रकार से किया जाए कि बालक शिक्षक द्वारा मौखिक विधि से सीखने के पश्चात पाठ को और अधिक दृढ़ता से हृदय गम कर ले। अतः गणित की पाठ्यपुस्तक का स्थान अध्यापक व छात्रों के लिए एक साधन के रूप में होना चाहिए। वर्तमान शिक्षा पद्धति की कमियों तथा अध्यापकों की अध्यापन कार्य में अरुचि के कारण पाठ्यपुस्तक आज साधन ना होकर साध्य बन गई है। वर्तमान समय में शिक्षक पाठ्यपुस्तक का उपयोग ना करें पाठ्यपुस्तक विधि का प्रयोग शिक्षण हेतु करता है। अतः पाठ्यपुस्तक शिक्षक की सेविका ना होकर आज स्वामिनी के पद पर आरूढ़ हो …

गणित में पाठ्यपुस्तक का महत्व Read More »

गणित प्रयोगशाला

वैसे तो गणित प्रयोगशाला विद्यालय से विद्यालय में अलग-अलग रूप से व्यवस्थित की जाती है। विद्यालय में गणित प्रयोगशाला होने से विद्यार्थियों को प्रयोगशाला विधि से और अधिक से अधिक सीखने का अवसर मिल जाता है। एक गणित की प्रयोगशाला में निम्न सुविधाएं होना चाहिए। गणित प्रयोगशाला एक गणित की प्रयोगशाला में निम्न सुविधाएं होना चाहिए। 1. विभागीय सदस्य गणित अध्यापक या विभागाध्यक्ष और उसके विभाग सदस्य विद्यालय कार्यक्रम में गणित प्रयोगशाला के प्रत्यय में सहायता करने हेतु उचित एवं तैयार हो। प्रारंभ में प्रयोगशाला स्थापना के समय विभाग के केवल एक या दो सदस्यों की आवश्यकता होती है, परंतु प्रयोगशाला को गणित अधिगम केंद्र के रूप में परिवर्तित करना संपूर्ण विभाग सदस्यों के सहयोग के ऊपर निर्भर करता है। …

गणित प्रयोगशाला Read More »

आदर्श गणित अध्यापक के गुण

वैसे तो अध्यापक कई प्रकार के होते हैं, लेकिन आदर्श अध्यापक कुछ विशेष ही होते हैं। भारत की अनेक संस्थाएं अध्यापकों का भी मूल्यांकन करती हैं। मूल्यांकन के अनुसार उनका प्रमोशन भी किया जाता है। आदर्श शिक्षक विद्यार्थियों और समाज के लिए वरदान साबित होते हैं। सभी विषयों में गणित विषय कुछ अलग सा ही है। इसीलिए आदर्श गणित अध्यापक के गुण कुछ विशेष ही है। जिनका अध्ययन हम लोग इस लेख में करने वाले हैं। आदर्श गणित अध्यापक के गुण जिसने थोड़ा सा भी गणित का ज्ञान अर्जित कर लिया है वह एक आदर्श अध्यापक बनने के लायक है यह कहना उचित नहीं है। एक गणित के अध्यापक और एक आदर्श गणित के अध्यापक में काफी अंतर है। भारत …

आदर्श गणित अध्यापक के गुण Read More »

गणित शिक्षण के उद्देश्य

विद्यालय में भिन्न-भिन्न विषयों का पाठन होता है, प्रत्येक विषय का अपना अपना अस्तित्व तथा महत्व होता है। इसके साथ ही प्रत्येक विषय को पाठ्यक्रम में रखने का एक ध्येय होता है, विषय का महत्व उसके द्वारा प्राप्त किए जाने वाले उद्देश्यों से जाना जा सकता है। प्रत्येक विषय के अपने उद्देश्य होते हैं। गणित शिक्षण के उद्देश्य अन्य विषयों के उद्देश्यों से बिल्कुल ही अलग है। यदि उनकी पूर्ति हो जाती है तो यह कहा जा सकता है कि अमुक विषय का क्या महत्व है। प्रत्येक उद्देश्य के अंतर्गत कुछ प्राप्त उद्देश्य आते हैं। विषय पढ़ाने का एक लक्ष्य होता है, जिसकी परीक्षा बालकों के विद्यालय को छोड़ने के पश्चात होती है, जिसको हम लक्ष्य भी कह सकते हैं। …

गणित शिक्षण के उद्देश्य Read More »

RMLAU BSc Ag Scheme

RMLAU BSc Scheme is available now for the current session 2019-20. RMLAU BSc Scheme 2020 is the details of the BSc ag exam dates of year 2020. Every year Ram Manohar Lohia Avadh University Ayodhya conducts the annual exam in the month of February. For that university declare the timetable in January. A student may download the scheme from the links given below. Name of University Dr. Ram Manohar Lohia Avadh University, Ayodhya Name of Exam Avadh University ANNUAL Examination Session 2019-20 Course B.Sc. (Ag) Year 1st/2nd/3rd Year Exam Nature Yearly basis Exam started from October 2020 Exam End November 2020 Exam Date Sheet Availability Available Now Download Link https://sarkarifocus.com/wp-content/uploads/2020/10/RML_081020110537.pdf File type PDF File size 1 MB How to download RMLAU …

RMLAU BSc Ag Scheme Read More »

RMLAU B.Sc. Ag Scheme 2020